Ram Mantra

Introduction to the Powerful Mantra of Lord Rama In the realm of Hindu spirituality, few deities embody the ideals of duty, devotion, and righteousness as profoundly as Lord Rama. As the seventh avatar of Lord Vishnu, Rama’s legend has inspired countless generations with his unwavering commitment to justice and his unshakeable dedication to his loved … Read more

Ram Aarti

Introduction to the Spiritual Significance of Aarti The sacred ritual of Aarti is an integral part of Hindu worship, and the Aarti of Shri Ramchandra Ji is one of the most revered and beloved. This ancient spiritual text is a beautiful expression of devotion, praise, and adoration for the divine. The Aarti is a poetic … Read more

Baglamukhi Chalisa

नमो महाविद्या बरदा , बगलामुखी दयाल। स्तम्भन क्षण में करे , सुमरित अरिकुल काल।। नमो नमो पीताम्बरा भवानी , बगलामुखी नमो कल्याणी। भक्त वत्सला शत्रु नशानी , नमो महाविद्या वरदानी।। अमृत सागर बीच तुम्हारा, रत्न जडि़त मणि मंडित प्यारा। स्वर्ण सिंहासन पर आसीना , पीताम्बर अति दिव्य नवीना।। स्वर्णभूषण अति सुन्दर धारे, सिर पर चन्द्र … Read more

Nag Chalisa

अनन्तं वासुकिं शेषं पद्मनाभं च कम्बलं शन्खपाल धृतराष्ट्र च तक्षकं कलिय तथा एतानि नव नामानि नागानाम च महात्मनं सायमकाले पठेन्नीत्यं प्रातः काल विशेषतः नमो नमो भिलट सुख करते, नमो नमो देवा द:ख हरते मनभावन है रूप तुम्हारो, तिहुँ लोक फैलो उजियारों ।। कोमल अंग, श्याम रंग प्यारा, चाल चलत रेवा सी धारा । सेंदुर घृत … Read more

Bhairav Chalisa

श्री गणपति गुरु गौरी पद प्रेम सहित धरि माथ। चालीसा वंदन करो श्री शिव भैरवनाथ॥ श्री भैरव संकट हरण मंगल करण कृपाल। श्याम वरण विकराल वपु लोचन लाल विशाल॥ जय जय श्री काली के लाला। जयति जयति काशी-कुतवाला॥ जयति बटुक-भैरव भय हारी। जयति काल-भैरव बलकारी॥ जयति नाथ-भैरव विख्याता। जयति सर्व-भैरव सुखदाता॥ भैरव रूप कियो शिव … Read more

Tulsi Chalisa

जय जय तुलसी भगवती,सत्यवती सुखदानी। नमो नमो हरि प्रेयसी,श्री वृन्दा गुन खानी॥ श्री हरि शीश बिरजिनी,देहु अमर वर अम्ब। जनहित हे वृन्दावनी,अब न करहु विलम्ब॥ धन्य धन्य श्री तलसी माता। महिमा अगम सदा श्रुति गाता॥  हरि के प्राणहु से तुम प्यारी। हरीहीँ हेतु कीन्हो तप भारी॥ जब प्रसन्न है दर्शन दीन्ह्यो। तब कर जोरी विनय … Read more

Gopal Chalisa

श्री राधापद कमल रज, सिर धरि यमुना कूल। वरणो चालीसा सरस, सकल सुमंगल मूल।। ।। चौपाई ।। जय जय पूरण ब्रह्म बिहारी, दुष्ट दलन लीला अवतारी। जो कोई तुम्हरी लीला गावै, बिन श्रम सकल पदारथ पावै। श्री वसुदेव देवकी माता, प्रकट भये संग हलधर भ्राता। मथुरा सों प्रभु गोकुल आये, नंद भवन मे बजत बधाये। … Read more

Kali Chalisa

 जयकाली कलिमलहरण, महिमा अगम अपार,  महिष मर्दिनी कालिका , देहु अभय अपार, अरि मद मान मिटावन हारीमुण्डमाल गल सोहत प्यारी,   अष्टभुजी सुखदायक मातादुष्टदलन जग में विख्याता ।। भाल विशाल मुकुट छवि छाजैकर में शीश शत्रु का साजै, दूजे हाथ लिए मधु प्यालाहाथ तीसरे सोहत भाला,  चौथे खप्पर खड्ग कर पांचेछठे त्रिशूल शत्रु बल जांचे,  सप्तम … Read more

Dhanvantari Chalisa

करूं वंदना गुरू चरण रज, ह्रदय राखी श्री राम।मातृ पितृ चरण नमन करूँ, प्रभु कीर्ति करूँ बखान ॥१॥ तव कीर्ति आदि अनंत है , विष्णुअवतार भिषक महान।हृदय में आकर विराजिए,जय धन्वंतरि भगवान ॥२॥ जय धनवंतरि जय रोगारी। सुनलो प्रभु तुम अरज हमारी ॥१॥ तुम्हारी महिमा सब जन गावें। सकल साधुजन हिय हरषावे ॥२॥ शाश्वत है … Read more

Kuber Chalisa

जैसे अटल हिमालय और जैसे अडिग सुमेर ।ऐसे ही स्वर्ग द्वार पै, अविचल खड़े कुबेर ॥विघ्न हरण मंगल करण, सुनो शरणागत की टेर ।भक्त हेतु वितरण करो, धन माया के ढ़ेर ॥ जै जै जै श्री कुबेर भण्डारी । धन माया के तुम अधिकारी ॥ तप तेज पुंज निर्भय भय हारी । पवन वेग सम … Read more

×
📩 Newsletter
Join for weekly wisdom.
Explore: